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प्रहरी न्यूज राजनांदगांव – छुरिया स्थित पोस्ट मैट्रिक आदिवासी छात्रावास से एक बेहद चिंताजनक और झकझोर देने वाला मामला सामने है, जिसने पूरे प्रशासनिक तंत्र की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर रहा हैं, बच्चों के भोजन जैसी बुनियादी आवश्यकता के साथ खिलवाड़ और जिम्मेदार अधीक्षक की लापरवाही खुलकर सामने आ चुकी है, लेकिन हैरानी की बात यह है कि पांच दिन बीत जाने के बाद भी कोई ठोस कार्यवाही नहीं हुई है,

रात के निरीक्षण में खुली पोल…

जब जनपद अध्यक्ष संजय सिन्हा, भाजपा मंडल अध्यक्ष कामता साहू, पत्रकार मनभावन सिंह उईके, वार्ड पार्षद टामेश कुम्हार और नगर पंचायत उपाध्यक्ष व हॉस्टल निगरानी समिति अध्यक्ष भूषण नेताम, युवा नेता टीकम साहू, अचानक रात में छात्रावास पहुंचे, तब जो दृश्य सामने आया, वह बेहद गंभीर था,

कुछ बच्चे हॉस्टल से बाहर जा चुके थे,

कुछ बच्चे बाहर जाने की तैयारी में थे,

पूछने पर बच्चों ने साफ कहा: “सब्जी नहीं है, रोज यही हाल रहता है”

बच्चों ने यह भी बताया कि खाना घटिया और अधूरा अधपका बनता है,

महीनों से गायब अधीक्षक…

जब बच्चों से हॉस्टल अधीक्षक के बारे में पूछा गया, तो चौंकाने वाला खुलासा हुआ…

👉 अधीक्षक गुलाब गावरे पिछले एक महीने से हॉस्टल ही नहीं आया था!

यह सिर्फ लापरवाही नहीं, बल्कि बच्चों के भविष्य और स्वास्थ्य के साथ सीधा खिलवाड़ है,

बच्चों का लिखित शिकायत, वीडियो भी मौजूद…

बच्चों ने लिखित शिकायत दिए, जिसे जनपद अध्यक्ष को सौंपी गई,

पूरे मामले का पंचनामा भी तैयार किया गया, वीडियो ग्राफी भी मौजूद,

इसके बावजूद जिला प्रशासन और सहायक आयुक्त आ.जा.ज. की चुप्पी कई सवाल खड़े कर रही है,

क्या दबाया जा रहा है मामला?

इतने ठोस सबूतों के बाद भी कार्रवाई न होना यह संदेह पैदा करता है कि कहीं इस पूरे मामले को लेन-देन के जरिए दबाने की कोशिश तो नहीं की जा रही?

अब उठ रही बड़ी कार्यवाही की मांग…

नगर के प्रबुद्ध नागरिकों ने इस गंभीर मामले को लेकर, विधानसभा मे प्रश्न उठाने की मांग की है, और आदिम जाति मंत्री श्री रामविचार नेताम से जिला अधिकारियों और दोषी अधीक्षक पर कड़ी कार्यवाही की अपील की है,

सीधा सवाल…

👉 जब बच्चों को भरपेट खाना नहीं मिलना,

👉 जब जिम्मेदार अधीक्षक महीनों से गायब रहना,

👉 इस पूरे मामले का हर एंगल से पूरा सबूत रहना,

तो आखिर प्रशासन किसका इंतजार कर रहा है?

यह मामला सिर्फ एक छात्रावास का नहीं, बल्कि पूरे सिस्टम की जवाबदेही का है, अब वक्त है कि दोषियों पर सख्त कार्रवाई हो और बच्चों को उनका अधिकार मिले,

बहरहाल जिला प्रशासन या विभाग हॉस्टल अधीक्षक गुलाब गावरे पर कब और क्या कार्यवाही करता है, यह देखना होगा,

By admin

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